ब्रह्माकुमारीज संस्था द्वारा प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय हाथरस में “महिला दिवस” के परिप्रेक्ष्य में 'आत्मविश्वास एवं महिलाओं के प्रति दृष्टिकोण' विषय पर आयोजित सम्मेलन का शुभारम्भ


हाथरस । पुलिस अधीक्षक हाथरस विनीत जायसवाल द्वारा ब्रह्माकुमारीज के “महिला दिवस” के परिप्रेक्ष्य में आयोजित सम्मेलन 'आत्मविश्वास एवं महिलाओं के प्रति दृष्टिकोण' के शुभारम्भ के अवसर पर प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्व विद्यालय आनन्दपुरी कालोनी, अलीगढ रोड हाथरस में पहुँचकर दीप प्रज्जवलित करके कार्यक्रम का शुभारम्भ किया गया । 

इस दौरान कार्यक्रम में ब्रह्राकुमारी शान्ता बहिन, बी0के0 दिनेश भाई, डॉ0 एम0पी0 सिंह कार्यक्रम अधिकारी एनएसएस, श्रीमती श्वेता दिवाकर, डॉ0 एस.सी.शर्मा पूर्व प्राचार्य बाग्ला महाविधालय हाथरस, डा0 सन्तोष कुमार कार्यक्रम अधिकारी एन.एस.एस, डॉ दीपा ग्रोवर बाग्ला डिग्री कालेज हाथरस, डॉ0 सुनन्दा महाजन बाग्ला डिग्री कॉलेज हाथरस, श्रीमती नीतू अरोरा दून स्कूल हाथरस, श्रीमती ज्योति गोयल, श्रीमती एकता अग्रवाल आदि सम्मानित व्यक्ति व कॉलेज के छात्र छात्राएं/युवा एवं एनसीसी के छात्र/छात्राए मौजूद रही ।  


कार्यक्रम मे सर्वप्रथम श्रीमती श्वेता बहिना के द्वारा पुलिस अधीक्षक हाथरस महोदय को बैज पुष्प देकर उनका स्वागत किया गया । इसके उपरान्त उपस्थित छात्राओ द्वारा स्वागत गीत का गायन किया गया तथा नई उमर की कलियाँ गीत व आत्मविश्वास एवं महिलाओ के प्रति दृष्टिकोण के सम्बन्ध मे नुक्कड नाटक का आयोजन कर उपस्थित छात्राओ/महिलाओ/छात्र को जागरुक किया गया । इसके उपरान्त  पुलिस अधीक्षक हाथरस श्री विनीत जायसवाल द्वारा अपने सम्बोधन में सर्वप्रथम ब्रहाकुमारीज संस्था के द्वारा छात्र/छात्राओ/महिलाओ/युवाओ के लिये किये जा रहे कार्यो की सराहना करते हुये धन्यवाद व्यक्त किया ।


 हमारा देश युवाओ का देश है । विश्व की सबसे बड़ी वर्किंग पोप्यूलेशन भारत के पास है, जिसके कारण सारा संसार भारत के युवाओं की ओर निहारता है । 


भारत की युवा आबादी भारत की सबसे बड़ी शक्ति है । ब्रह्राकुमारीज जैसी संस्थायें समाज में चरित्र निर्माण करने की दिशा में अपना अमूल्य योगदान दे रही है ।  इसके उपरान्त पुलिस अधीक्षक हाथरस द्वारा उपस्थित छात्रो/युवाओं को सम्बोधित करते हुए कहा कि महिलाओ के विरुद्ध अपराध घटित होने की मूल जड़ समाज का महिलाओ के प्रति नकरात्मक दृष्टिकोण है । इस दृष्टिकोण को बदलने की बहुत जरुरत है। एक सभ्य समाज जो नारी का सम्मान करता हो वहां पुलिस की आवश्यकता ही नहीं पड़नी चाहिए । महिलाओ के विरुद्ध अपराधो की रोकथाम के लिये समाज में सकारात्मक दृष्टिकोण का होना आवश्यक है । इसके लिये समाज की सहभागिता की बहुत आवश्यकता है। 


शुरुआत से ही माँ बाप के द्वारा बच्चो को अच्छे संस्कार देने चाहिये, स्कूल/कॉलेजो में छात्रों को महिलाओ के प्रति सम्मान व दायित्वो के बारे में जागरुक करते रहना चाहिये। आज महिलाए पुरुषो से किसी क्षेत्र मे कम नही है, हर क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है । महिलाओ को आगे बढाने के लिये समाज का जागरुक होना बहुत जरुरी है ।

 इसके साथ ही पुलिस अधीक्षक महोदय द्वारा महिलाओ/बालिकाओ के साथ घटित अपराधो से बचाव के उपाय के सम्बंध में अवगत कराते हुये उनकी रोकथाम व कानूनी प्रक्रिया के तहत विधिक प्रावधान तथा विषम परिस्थितियो में सहायता प्राप्त किये जाने के लिये यू0पी0 पुलिस द्वारा चलायी जा रही सुरक्षा संबंधित सेवाएँ जैसे डायल 112 नम्बर/वूमेन पावर लाइन 1090/यूपी कॉप एप/181 महिला हेल्प लाइन/1076 मुख्यमंत्री हेल्प लाइन/1098 चाइल्ड हेल्प लाइन/102 स्वास्थ्य सेवा/108 एम्बूलेन्स सेवा के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई ।


इसके उपरान्त पुलिस अधीक्षक हाथरस द्वारा साईबर अपराधो से बचाव हेतु हाथरस पुलिस द्वारा "साईबर कवच" अभियान के तहत समस्त उपस्थित छात्र छात्राओ को पैम्फलेट्स, कार्ड आदि वितरित कराकर सभी को साइबर अपराध की जानकारी दी गयी तथा सोशल मीडिया के प्रयोग हेतु आवश्यक सुझाव देते हुये बताया कि सोशल मीडिया पर अपनी प्राइवेसी रखते हुये उसका सुरक्षित प्रयोग करे ।

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